फिटकरी क्या है, Fitkari ka Formula | रासायनिक सूत्र

दोस्तों अगर आपको नहीं पता कि fitkari ka formula क्या होता है तो इस आर्टिकल में हम आपको पूरा तरह से समझायेंगे कि की फिटकरी क्या होता है, फिटकरी का फार्मूला, फिटकरी के फायदे, फिटकरी के नुकसान, फिटकरी के चमत्कारी उपयोग, फिटकरी के लाभदायक गुण, गुनगुने पानी में फिटकरी पीने के फायदे, दांत दर्द में फिटकरी का उपयोग और फिटकरी मुंह के छाले और भी बहुत सारे फिटकरी से फायदे। सबसे पहले हम जान लेते हैं कि फिटकरी क्या होता है

Fitkari ka Formula

 

फिटकरी क्या है (What is Fitkari)

दोस्तों फिटकरी एक रंगहीन, क्रिस्टलीय प्रदार्थ होता है और साधारण फिटकरी का रासायनिक नाम (Fitkari ka Formula) (KAl(SO4)2.24H2O) होता हैं। (AB(SO4)2.12H2O) इम्पीरिकल सूत्र वाले सामान्य यौगिकों को ‘एलम’ (Alums) नाम से जाना जाता है।

फिटकारी को अंग्रेजी में पोटैश ऐलम या केवल ऐलम भी कहते हैं। यह पोटैशियम सल्फेट और ऐलुमिनियम सल्फेट का द्विलवण है, इसके चतुर्फलकीय क्रिस्टल में क्रिस्टलीय जल के २४ अणु रहते हैं। इसके क्रिस्टल अत्यंत सरलता से बनते हैं। पहले पहल फिटकरी ऐलम शेल (shale) से बनाई गई थी। यह बड़ी मात्रा में ऐलूनाइट या फिटकरी पत्थर (K2SO4 Al2(SO4)3.4 Al(OH)3) के वायु में भंजन, निक्षालन (lixiviation) और क्रिस्टलीकरण से प्राप्त होती है।

ऐलूनाइट से प्राप्त ऐलम को ‘रोमन ऐलम’ भी कहते हैं। ऐलूमिनों फेरिक के विलयन पर पोटैशियम सल्फेट की क्रिया से भी फिटकारी प्राप्त हो सकती है। फेरिक ऑक्साइड के कारण इसका रंग गुलाबी होता है, यद्यपि विलेय लोहा इसमें बिल्कुल नहीं होता, या केवल लेश मात्र होता है।

Fitkari ka Formula in Hindi (फिटकरी का रासायनिक सूत्र)

दोस्तों फिटकरी का फार्मूला और फिटकरी का रासायनिक (fitkari ka rasayanik sutra) नाम एक ही होता है कोई बोलता है फिटकरी का सूत्र तो कोई बोलता है फिटकरी का रासायनिक नाम। तो आपको इन दोनों में confusion नहीं होना है। तो फिटकरी का फार्मूला या रासायनिक नाम (KAl(SO4)2.24H2O) होता हैं।

Fitkari ka Formula रासायनिक सूत्र / नाम

(KAl(SO4)2. 24H2O)

Formula of Fitkari in Science

K2SO4.Al2(SO4)3. 24H2O

 

फिटकरी का रासायनिक नाम क्या है? Fitkari ka Formula

फिटकरी का रासायनिक नाम पोटाश एलम(KAl(SO4)2. 24H2O) होता हैं।

Fitkari ka Formula 

फिटकरी के फायदे

दोस्तों क्या आपको पता फिटकरी के फायदे यानिकि फिटकरी से कितने फायदे होते हैं. अगर आपको नहीं पता तो इस आर्टिकल को पूरा पढियेगा। क्युकि फिटकरी एक घरेलु उपाय है और यह दवाई के के रूप में अच्छे काम करती है.

दांत दर्द
खांसी
यूरीन इंफेक्शन
झुर्रियां कम करे
त्वचा के दाग धब्बे हटाने

 

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fitkari kitne prakar ke hote hain – फिटकरी के प्रकार

दोस्तों ऊपर मेने आपको बता ही दिया की फिटकरी क्या होती है लेकिन अब हमें जानना है फिटकरी कितने प्रकार की होती है। तो दोस्तों फिटकरी 3 प्रकार की होती है। और तीनो फिटकरी के बारे में भी हम डिटेल्स में जानेगे।

पोटैशियम एलम- दोस्तों पोटेशियम फिटकरी एक रंगहीन क्रिस्टलीय प्रदार्थ होता है रासायनिक सूत्र KAl(SO4)2 के साथ पोटेशियम और एल्यूमीनियम का दोहरा सल्फेट। यह आमतौर पर डोडेकाहाइड्रेट, केएएल(SO4)2·12H2O के रूप में पाया जाता है।

यह तटस्थ विलयन में एक अष्टफलकीय संरचना में क्रिस्टलीकृत होता है और एक क्षार विलयन में घन संरचना में अंतरिक्ष समूह P a -3 और 12.18 के जाली पैरामीटर के साथ क्रिस्टलीकृत होता है। यदि सल्फेट में पोटेशियम सल्फेट के बजाय लोहे की अधिक मात्रा होती है, तो पोटेशियम क्लोराइड का उपयोग किया जा सकता है।

अमोनियम एलम – दोस्तों अमोनियम एल्यूमीनियम सल्फेट, जिसे अमोनियम फिटकरी या सिर्फ फिटकरी के रूप में भी जाना जाता है। जब एल्यूमीनियम के स्थान पर अमोनियम का उपयोग किया जाता है तो अमोनियम एलम का निर्माण होता है| यह एक सफ़ेद रंग का क्रिस्टलीय ठोस पदार्थ होता है| एक सफेद क्रिस्टलीय डबल सल्फेट है जिसे आमतौर पर डोडेकाहाइड्रेट, फॉर्मूला (NH4)Al(SO4)2·12H2O के रूप में देखा जाता है। इसका उपयोग विभिन्न प्रकार के आला अनुप्रयोगों में कम मात्रा में किया जाता है।

क्रोम एलम- दोस्तों  क्रोम एलम fitkari को बनाने के लिए एल्यूमीनियम की जगह क्रोमियम का प्रयोग किया जाता है, इसे क्रोमियम पोटेशियम सल्फेट के नाम से जाना जाता है| इस फिटकरी का उपयोग औद्योगिक कामों में किया जाता है| चमड़ा उधोग में क्रोमा एलम का बहुतायत से उपयोग किया जाता है|

क्रोमियम फिटकरी क्रोमेट लवण या फेरोक्रोमियम मिश्र धातुओं से निर्मित होती है। पोटेशियम डाइक्रोमेट के केंद्रित जलीय घोल को कम किया जा सकता है, आमतौर पर सल्फर डाइऑक्साइड के साथ, लेकिन अल्कोहल या फॉर्मलाडेहाइड के साथ, सल्फ्यूरिक एसिड की उपस्थिति में <40 डिग्री सेल्सियस पर। वैकल्पिक रूप से और कम सामान्यतः, फेरोक्रोमियम मिश्र धातुओं को सल्फ्यूरिक एसिड में भंग किया जा सकता है और, फेरस सल्फेट की वर्षा के बाद, क्रोम फिटकिरी पोटेशियम सल्फेट के अतिरिक्त क्रिस्टलीकृत हो जाती है।

निष्कर्ष- दोस्तों मैंने इस पोस्ट में आप सभी लोगो को बताया कि फिटकरी क्या होती है और फिटकरी का प्रयोग क्यों करते हैं फिटकरी का रासायनिक सूत्र फिरकारी से क्या क्या लाभ होते हैं। तो मुझे लगता है कि आप सभी लोगो को इस आर्टिकल पढ़ने से फिटकरी के बारे में काफी कुछ सीख लिया होगा। और आर्टिकल को अपने दोस्तों के साथ जरूर शेयर कीजिये। थैंक यू .

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7 thoughts on “फिटकरी क्या है, Fitkari ka Formula | रासायनिक सूत्र”

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